जिला कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में सैकड़ों स्वयंसेवकों ने लिया हिस्सा, जिला कार्यवाहक अनिल भारद्वाज ने बताया विजयदशमी का महत्व
ऊना: विजयदशमी के पावन अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की ओर से मंगलवार को शस्त्र पूजन और पथ संचलन का आयोजन किया गया। संघ के जिला कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में सैकड़ों स्वयंसेवकों ने भाग लिया। इस दौरान शस्त्र पूजन कर शक्ति, साहस और राष्ट्र के प्रति समर्पण का संदेश दिया गया। इसके बाद स्वयंसेवकों ने ऊना शहर में पथ संचलन किया, जिसके माध्यम से एकता, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया गया।
शस्त्र पूजन के साथ निभाई संघ की परंपरा
विजयदशमी के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में स्वयंसेवकों ने संघ की परंपरा के अनुसार शस्त्र पूजन किया। इस दौरान संघ के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने संगठन की गतिविधियों और उद्देश्यों की जानकारी साझा की। कार्यक्रम में विजयदशमी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए शक्ति, साहस और कर्तव्य के प्रति समर्पण की भावना को प्रमुखता से रेखांकित किया गया।
विजयदशमी संघ के प्रमुख उत्सवों में शामिल: अनिल भारद्वाज
संघ के जिला कार्यवाहक अनिल भारद्वाज ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि विजयदशमी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख उत्सवों में शामिल है। शस्त्र पूजन की परंपरा के माध्यम से शक्ति, साहस और कर्तव्य के प्रति समर्पण का भाव प्रकट किया जाता है।
उन्होंने कहा कि संघ की परंपराएं स्वयंसेवकों में राष्ट्र के प्रति समर्पण और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करने का माध्यम हैं। ऐसे आयोजन स्वयंसेवकों को संगठन के उद्देश्यों और समाज के प्रति अपने दायित्वों की याद दिलाते हैं।
पथ संचलन से दिया एकता और अनुशासन का संदेश
शस्त्र पूजन के बाद स्वयंसेवकों ने ऊना शहर में पथ संचलन किया। अनिल भारद्वाज ने बताया कि पथ संचलन संघ की संगठनात्मक गतिविधियों का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसके माध्यम से स्वयंसेवक अनुशासन, एकजुटता और समाज के प्रति अपने दायित्वों का संदेश देते हैं।
उन्होंने कहा कि विजयदशमी का पर्व बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। यह पर्व समाज को सकारात्मक मूल्यों को अपनाने और राष्ट्रहित के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा देता है।

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