हिसार के अंकुश पंघाल ने एशियन गेम्स में जीता गोल्ड, भव्य स्वागत के साथ निकला विजय जुलूस

हिसार के गांव भेरिया के रहने वाले बॉक्सिंग खिलाड़ी अंकुश पंघाल ने एशियन गेम्स 2026 में 80 किलोग्राम भार वर्ग में गोल्ड मेडल जीतकर देश और हिसार का नाम रोशन किया है। गोल्ड मेडल जीतकर हिसार लौटे अंकुश का एचएयू गेट के सामने फूल-मालाओं के साथ जोरदार स्वागत किया गया।

अंकुश के स्वागत के लिए बड़ी संख्या में लोग एचएयू गेट पर एकत्रित हुए। इसके बाद एचएयू गेट से गांव भेरिया तक भव्य विजय जुलूस निकाला गया। ढोल-नगाड़ों और फूल-मालाओं के साथ लोगों ने अंकुश का स्वागत किया।
एशियन गेम्स में 80 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल मुकाबले में अंकुश पंघाल का सामना दक्षिण कोरिया के किम मिन-सोंग से हुआ। अंकुश ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मुकाबला 4-0 से अपने नाम किया। तीनों राउंड में अंकुश ने मजबूत डिफेंस और सटीक काउंटर पंच के दम पर बढ़त बनाए रखी और अपने प्रतिद्वंद्वी को वापसी का मौका नहीं दिया।
गोल्ड मेडल जीतने के बाद गांव और अंकुश के घर में खुशी का माहौल है। परिवार ने अंकुश का मुकाबला घर पर लाइव देखा और जीत के बाद जमकर जश्न मनाया। गांव में भी अंकुश के स्वागत और जश्न की तैयारियां की गई हैं।
अंकुश पंघाल ने बताया कि यह उनका दूसरा गोल्ड मेडल है। उन्होंने कहा कि इस सफलता के लिए उन्होंने करीब 10 साल से मेहनत की है और अपनी जीत का श्रेय अपनी मां-पिता और कोच को दिया। अंकुश ने कहा कि अब उनका फोकस अगले साल होने वाली वर्ल्ड चैंपियनशिप पर रहेगा।
प्रधानमंत्री द्वारा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किए जाने पर अंकुश ने कहा कि खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और उनका हौसला बढ़ाया जाता है। उन्होंने हरियाणा की खेल नीति की भी सराहना की।
अंकुश के पिता सुरेश कुमार ने कहा कि बेटे की लगातार दूसरी बड़ी गोल्ड जीत से परिवार और पूरे गांव में खुशी का माहौल है। उन्हें उम्मीद है कि अंकुश आगे भी इसी तरह देश का नाम रोशन करेगा।
अंकुश के ताऊ दिनेश पंघाल ने कहा कि गोल्ड जीतने की खुशी में गांव और हिसार में जोरदार कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। नाच-गाने और ढोल-नगाड़ों के साथ अंकुश का स्वागत किया जा रहा है।
वहीं अंकुश के कोच प्रदीप कुमार ने भी इस जीत पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि अंकुश की सफलता पर सभी रिश्तेदारों, खिलाड़ियों और गांव के लोगों में उत्साह है।


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