हिमाचल में हवाई कनेक्टिविटी को बढ़ावा: CM सुक्खू ने शुरू की शिमला-रामपुर हेलीकॉप्टर सेवा

हिमाचल में हवाई कनेक्टिविटी को बढ़ावा: CM सुक्खू ने शुरू की शिमला-रामपुर हेलीकॉप्टर सेवा

सप्ताह में तीन दिन उड़ान, रामपुर से रिकांगपिओ तक भी मिलेगी सुविधा; हमीरपुर, चंबा और पालमपुर को अगले 3-4 महीनों में हवाई सेवा से जोड़ने की तैयारी


शिमला।
हिमाचल प्रदेश में हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत करने और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बुधवार को संजौली हेलीपोर्ट से शिमला-रामपुर हेलीकॉप्टर सेवा को हरी झंडी दिखाई। इस सेवा के शुरू होने से रामपुर और आसपास के क्षेत्रों के लोगों को हवाई यात्रा की सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही रामपुर से रिकांगपिओ तक भी हेलीकॉप्टर सेवा उपलब्ध होगी।

प्रदेश सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य दूरदराज के क्षेत्रों तक आवागमन आसान बनाना, पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देना और आपातकालीन परिस्थितियों में लोगों को जल्द सहायता उपलब्ध कराने की संभावनाओं को मजबूत करना है।

सप्ताह में तीन दिन मिलेगी हेलीकॉप्टर सेवा

शिमला से रामपुर और आगे रिकांगपिओ तक हेलीकॉप्टर सेवा सप्ताह में तीन दिन सोमवार, शुक्रवार और शनिवार को संचालित होगी। निर्धारित समय-सारणी के अनुसार उड़ानों का विवरण इस प्रकार है:

  • संजौली से प्रस्थान: सुबह 9:55 बजे।
  • रामपुर आगमन: सुबह 10:30 बजे।
  • रामपुर से रिकांगपिओ प्रस्थान: सुबह 10:50 बजे।
  • रिकांगपिओ आगमन: सुबह 11:25 बजे।

इस सेवा से शिमला, रामपुर और रिकांगपिओ के बीच यात्रा करने वाले लोगों को वैकल्पिक परिवहन सुविधा मिलेगी। हालांकि, यात्रा से पहले यात्रियों को संबंधित सेवा प्रदाता से उड़ानों की उपलब्धता और बुकिंग की पुष्टि करनी चाहिए।

हेलीपोर्ट तैयार था, उड़ानें शुरू करने के लिए उठाया मुद्दा

मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि रामपुर दौरे के दौरान स्थानीय लोगों ने उनके सामने हेलीपोर्ट तैयार होने के बावजूद नियमित उड़ानें शुरू नहीं होने का मुद्दा उठाया था। इसके बाद उन्होंने केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के समक्ष मामला उठाया और सेवा शुरू करने के लिए आवश्यक कदम उठाए।

मुख्यमंत्री के अनुसार, हेलीकॉप्टर सेवा के संचालन में वायबिलिटी गैप फंडिंग (VGF) की व्यवस्था होती है, जिसके तहत सरकार को आर्थिक सहयोग देना पड़ता है। प्रदेश सरकार ने इस मद में अपनी हिस्सेदारी को मंजूरी दी, जिससे रामपुर के लिए नियमित उड़ान शुरू करने का रास्ता साफ हुआ।

उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के दूरदराज के क्षेत्रों को हवाई संपर्क से जोड़ा जाए, ताकि लोगों को लंबी सड़क यात्राओं पर निर्भरता कम करने का विकल्प मिल सके।

हमीरपुर, चंबा और पालमपुर को जोड़ने की तैयारी

मुख्यमंत्री ने बताया कि रामपुर के बाद हमीरपुर, चंबा और पालमपुर में भी हवाई सेवाएं शुरू करने की योजना है। इन सेवाओं को लेकर बातचीत चल रही है और सरकार आने वाले तीन से चार महीनों में इन्हें शुरू करने का प्रयास कर रही है।

उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश की भौगोलिक परिस्थितियों के कारण कई क्षेत्रों तक सड़क मार्ग से पहुंचने में अधिक समय लगता है। ऐसे में हेलीकॉप्टर सेवा लोगों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है।

सुक्खू के अनुसार, हवाई कनेक्टिविटी बढ़ने से पर्यटन स्थलों तक पहुंच आसान होगी। इसके अलावा, आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने के लिए भी ऐसी सेवाएं महत्वपूर्ण हो सकती हैं।

कांगड़ा एयरपोर्ट के विस्तार पर ₹2,400 करोड़ खर्च करने की तैयारी

मुख्यमंत्री ने गग्गल स्थित कांगड़ा एयरपोर्ट के विस्तार को प्रदेश की हवाई कनेक्टिविटी मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने एयरपोर्ट विस्तार के लिए अपने संसाधनों से 2,400 करोड़ रुपये की भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया शुरू की है और इसके लिए भुगतान भी किया गया है।

मुख्यमंत्री के मुताबिक, एयरपोर्ट के विस्तार से बड़े विमानों के संचालन की संभावनाएं बढ़ सकती हैं। इससे प्रदेश में पर्यटन को बढ़ावा देने और हवाई यात्रा की सुविधाओं में सुधार करने में मदद मिलेगी।

शिमला में नए हेलीपोर्ट के लिए जमीन की तलाश

राजधानी शिमला में हवाई कनेक्टिविटी बढ़ाने के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार हेलीपोर्ट निर्माण के लिए जमीन तलाश रही है, लेकिन अभी तक आवश्यकताओं के अनुरूप उपयुक्त स्थान नहीं मिल पाया है।

उन्होंने कहा कि शिमला को हवाई सेवा से जोड़ना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है और इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर भी विचार किया जा रहा है।

पर्यटन और आपातकालीन सेवाओं को मिल सकती है मदद

शिमला-रामपुर हेलीकॉप्टर सेवा की शुरुआत को प्रदेश के दूरदराज के क्षेत्रों में परिवहन के विकल्प बढ़ाने की पहल के रूप में देखा जा रहा है। नियमित उड़ानें संचालित होने से यात्रियों को सड़क मार्ग के अलावा हवाई यात्रा का विकल्प मिलेगा। पर्यटन गतिविधियों और आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं में भी ऐसी कनेक्टिविटी उपयोगी हो सकती है।

अब निगाहें हमीरपुर, चंबा और पालमपुर के लिए प्रस्तावित हवाई सेवाओं पर रहेंगी। इन योजनाओं को तय समयसीमा में लागू करने और नियमित संचालन सुनिश्चित करने से प्रदेश के अधिक क्षेत्रों को हवाई संपर्क से जोड़ने में मदद मिल सकती है।

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